अमेठी के बाद जबलपुर में भी फिलिस्तीन समर्थक पोस्टर, पुलिस ने तत्काल उतरवाए
After Amethi, pro-Palestine posters appeared in Jabalpur too, but the police immediately removed them.

न्यूज़ इन्वेस्टिगेशन
@ Vilok Pathak
ईद के मौके पर अमेठी में जुलूस के दौरान फिलिस्तीन का झंडा लहराने को लेकर विवाद के बीच मध्य प्रदेश के जबलपुर में भी फिलिस्तीन समर्थक पोस्टर लगाए जाने का मामला सामने आया है। कोतवाली थाना क्षेत्र में कोतवाली से मिलोनीगंज और नालबंद मोहल्ला रोड के बीच कुछ विद्युत खंभों पर फिलिस्तीन के समर्थन में पोस्टर लगाए गए थे। पोस्टर सामने आने के बाद पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए उन्हें उतरवा दिया।
बताया गया है कि पोस्टरों में फिलिस्तीन के समर्थन में संदेश लिखे गए थे और लोगों से फिलिस्तीन के साथ खड़े होने की अपील की गई थी। इसकी सूचना हिंदूवादी संगठनों की ओर से पुलिस को दी गई। मामले की जानकारी मिलते ही पुलिस अधीक्षक संपत उपाध्याय के निर्देश पर पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर सभी विवादित पोस्टर हटवा दिए।
पुलिस अब पोस्टरों में दिखाई दे रहे चेहरों और अन्य जानकारियों के आधार पर इन्हें लगाने वालों की पहचान करने में जुटी है। पुलिस यह भी पता लगा रही है कि पोस्टर किसने और किस उद्देश्य से लगाए थे।
उल्लेखनीय है कि पिछले वर्ष भी शहर में फिलिस्तीन के समर्थन में पोस्टर और बैनर लगाए जाने का मामला सामने आया था। उस समय भी पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए पोस्टर-बैनर हटवा दिए थे।
इधर, अमेठी में जुलूस के दौरान एक युवक के हाथ में फिलिस्तीन का झंडा दिखाई देने के बाद पुलिस ने उसे हिरासत में लिया। युवक की पहचान रायपुर फुलवारी निवासी फिरोज के रूप में बताई गई है। पुलिस के अनुसार वह मुंबई में रहकर काम करता है और कुछ दिन पहले ही गांव आया था। युवक के हिरासत में लिए जाने की सूचना पर कुछ लोग कोतवाली पहुंच गए, जिसके बाद पुलिस को स्थिति संभालनी पड़ी। पुलिस ने झंडा भी अपने कब्जे में ले लिया है और युवक से पूछताछ कर मामले की जांच की जा रही है।
इसी तरह कानपुर में जूलूस-ए-मोहम्मदी मूसानगर रोड से नगर पालिका रोड की तरफ मुड़ रहा था। इस दौरान एक किशोर विवादित झंडा फहरा रहा था। जिसको लेकर पुलिस व प्रशासन को कुछ लोगों द्वारा जानकारी दी गई। पुलिस के मना करने पर किशोर नहीं माना तो एसीपी कृष्णकांत यादव व एसडीएम अबिचल प्रताप सिंह उसे पकड़कर भीड़ से किनारे ले आए व झंडा अलग करवाया।
उल्लेखनीय की पिछले वर्ष भी जबलपुर में कुछ लोगों ने खुलेआम फिलिस्तीन के समर्थन में पोस्टर बैनर लगवाये थे। इस पर पुलिस ने तत्परता से कार्रवाई करते हुए उनको उतरवा दिया था। त्योहारों के मौकों पर होने वाली शांति समिति की बैठक में प्रशासन द्वारा हमेशा अपील की जाती है कि किसी भी प्रकार की विवादित गतिविधियों से बचा जाए परंतु शहर में उस अपील का कोई असर नहीं होता।
वहीं धर्म गुरुओं द्वारा जुलूस को दिए लेकर दिए गए दिशा निर्देशों जिहमें डीजे से लेकर पटाखे तक शामिल है, का भरपूर उल्लंघन किया जाता है। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि देश मे न केवल सम्वेदनशील क्षेत्रों बल्कि शहर-शहर और ग्रामीण क्षेत्र व कस्बों में बड़ी संख्या में फिलिस्तीन का समर्थन करने वालों की मौजूदगी के चलते एजेंसियों की सतर्कता बढ़ गयी है।




